साईं राम रहमान साईं गीता वेद पुराण

पारंपरिक
श्री राम भजन साईं भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

साईं राम रहमान साईं गीता वेद पुराण

हे साईं रे जग में है साईं तेरी घाथा महान

साईं राम रहमान साईं गीता वेद पुराण

दुनिया में सब संतो में है साईं की वाणी

जो भी सुनता उसको लगती अपनी राम कहानी

चाहे सुधि हो मीरा की चाहे नानक कबीरा की

हे साईं रे सब में समाया तू है सब की तू पहचान

साईं राम रहमान साईं गीता वेद पुराण

मुसल्मा हो हिन्दू सिख हो सब साईं के प्यारे,

जैन बुध हो या हो इसाई सब अंन्खो के तारे

गीता पदों या कुरान पडो गुरु वाणी या हो पुराण पडो

साईं रे तुम्ही राम तुही श्याम तुही हो भगवान

साईं राम रहमान साईं गीता वेद पुराण

साईं नाम का प्याला भईया पीता भगती वाला

साईं अमिरत पी के भगता होजा तू मतवाला

तूम ही राम हो बाबा साईं तूम हो गोपाला

तेरे रूप में दीखता साईं मुझको डमरू वाला

साईं का ममता महान माने रे जहान

साईं राम रहमान साईं गीता वेद पुराण

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।