राधे कृष्णा गोबिंद गोपाल

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हो राधे कृष्णा, गोबिंद गोपाल,

भज मन श्री राधे ll

श्री राधे,,, श्री राधे,,, ll

श्री राधे, श्री राधे, श्री राधे जय श्री राधे ll

हो राधे कृष्णा lll गोबिंद गोपाल,

भज मन श्री राधे ll

राधे राधे बोल, श्याम श्याम बोल ll

श्री राधे राधे बोल, राधे राधे बोल,

राधे राधे बोल, राधे राधे बोल ll

श्री राधे राधे, राधे राधे, राधे राधे, राधे lll

हो राधे कृष्णा, गोबिंद गोपाल,

भज मन श्री राधे ll

श्री राधे,,, श्री राधे,,, ll

श्री राधे, श्री राधे, श्री राधे जय श्री राधे ll

श्री राधे राधे, राधे राधे, राधे राधे, राधे llll

हो राधे कृष्णा, गोबिंद गोपाल,

भज मन श्री राधे l

जय जय श्री राधे ll

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।