मेरा मालिक हो गया है बाबा लखदातार

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हो गया अब मुझे श्याम पे ऐतबार,

मेरा मालिक हो गया है बाबा लखदातार,

शाम सवेरे अब मैं तो सुमिरण इसका करूँ,

चाहे कहे कोई कुछ भी दुनिया से ना डरूं,

हर घड़ी दिल में रहे इसका ही खयाल।

हो गया अब मुझें श्याम पे ऐतबार,

मेरा मालिक हो गया है.......

दुःख की नहीं है अब चिंता दुःख में था जी रहा,

आंसू लगे अब अमृत हंस हंस के पी रहा,

दामन में मिली मुझे खुशियाँ बेशुमार।

हो गया अब मुझें श्याम पे ऐतबार,

मेरा मालिक हो गया है.....

मीत नहीं मेरा कोई तुझ पे भरोसा मेरा,

रखना सदा चरणों में बरसे तेरी करुणा,

आँखे ना मूंद लेना मेरे सांवरिया सरकार।

हो गया अब मुझें श्याम पे ऐतबार,

मेरा मालिक हो गया है.....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।