श्री राम के परम दुलारे

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

श्री राम के परम दुलारे आ जाओ इक बार,

शक्ति हीन को शक्ति देदो करो शक्ति सनजान

जय सिया राम जय जय राम

मेरे प्रभु राम जय जय राम

श्री राम के परम दुलारे आ जाओ इक बार,

मानवता का गला घुट रहा मानव हो गए दानव

जुलम का नंगा नाच हो रहा शक्ति यही और तांडव,

निर्बल पे न करे कोई भी अपने बल से परहार,

शक्ति हीन को शक्ति देदो करो शक्ति सनजान

जय सिया राम जय जय राम

तेरे वेग से न कोई बड़ी तेज तेरी चाल

लंका जा के सिया सुधि लाये दिखा दिया था कमाल,

जन जन पर तुमने ही हनुमत किया सदा उपकार

शक्ति हीन को शक्ति देदो करो शक्ति सनजान

जय सिया राम जय जय राम

इक दूजे की देखा देखि करने लगे कु कर्म

बड़ने लगी बुराई जग में भूल गए सब धर्म

वैर विरोध ही बड़ने लगा और घटने लगा है प्यार

शक्ति हीन को शक्ति देदो करो शक्ति सनजान

जय सिया राम जय जय राम

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।