मोरी मैया तो जलवे दिखात है

पारंपरिक
श्री राम भजन दुर्गा भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

ओ मोरी मैया तो॥

ओ मोरी मैया तो जलवे दिखात है

के भक्त तेरे दर पे आत है॥

तेरे दर पे जो भी आए, खाली हाथ न तू लौटाए॥

मुंह माँगा वर पाकर तुझसे, जीवन सबका सुखी हो जाए ॥

ओ महामाया तेरी..

महामाया तेरी बड़ी करामात है

के भक्त तेरे दर पे आत है

ओ मोरी मैया तो जलवे दिखात है

के भक्त तेरे दर पे आत है .

शेरावाली मेहरावाली, मैया मेरी लाटावाली॥

वैष्णो रानी जग कल्याणी, मैया मेरी ज्योतावाली॥

ओ तेरे नाम का ....

तेरे नाम का गुणगान सभी गात है

के भक्त तेरे दर पे आत है

ओ मोरी मैया तो जलवे दिखात है

के भक्त तेरे दर पे आत है .

भक्तो को तुम देती शक्ति ,भयबंदन से देती मुक्ति ॥

दुष्टों का संहार तुम करती ,भक्तों को आँचल में भरती॥

ओ मैया तू ही....

मैया तू ही जीवन का आधार है

के भक्त तेरे दर पे आत है

ओ मोरी मैया तो जलवे दिखात है

के भक्त तेरे दर पे आत है .

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।