भगवा रंग लहराएगे श्री राम का नारा लगाये गे

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

भगवा रंग लहराएगे श्री राम का नारा लगाये गे,

राम का नारा लगाये गे श्री राम का नारा लगाये गे,

देखो पवन सूत लाये है भगवा भगवा ही राम को प्रीत है

भगवा के रंग में रंग जा तू बंदे भगवा ही हिन्दू की जीत है

देखो पवन सूत लाये है भगवा भगवा ही राम को प्रीत है,

भगवा के रंग में तू रंग जा बंदे भगवा ही हिन्दू की जीत है

भगवा रंग लहराएगे श्री राम का नारा लगाये गे,

हम ने भी कर ली है अब तयारी हम भी बनेगे भगवा धारी,

भगवा का रंग है इतना सुहाना भगवा का रंग है सब पे भारी,

भगवा रंग लहराएगे श्री राम का नारा लगाये गे,

राम का नारा है कितना प्यारा जो न लगाये वो किस्मत का मारा

मन में तू अपने विश्वाश कर ले फिर न रहेगा तू बेसारा,

भगवा रंग लहराएगे श्री राम का नारा लगाये गे,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।