मुरलिया वाले कब आओगे म्हारे देश

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मुरलिया वाले कब आओगे म्हारे देश

कब आओगे म्हारे देश

बांसुरियां वाले कब आओगे म्हारे देश

लिख लिख पतिया हार गई मैं,

लिख डाले संदेश मुरलिया वालें,

कब आओगे म्हारे देश..

मोहिनी मूरत सांवरी सूरत,

घू़्ंगर वाला केश मुरलिया वालें,

कब आओगे म्हारे देश...

बचपन बीता बीती जवानी,

पड़ गया बाल सफेद मुरलिया वालें,

कब आओगे म्हारे देश...

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।