भोला भंडारी आया, मोहन तेरी गली में

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

भोला भंडारी आया, मोहन तेरी गली में ।

मोहन तेरी गली में, कान्हा तेरी गली में ।।

इक झलक पाने आया हूं में भी ,

इक झलक पाने आया, मोहन तेरी गली में ।

भोला भंडारी आया .....

दीदार हो तो जानू , स्वीकार हो तो मानू ।

विश्वास मुझको लाया है मोहन ,

विश्वास मुझको लाया, मोहन तेरी गली में ।

भोला भंडारी आया ....

मेरे वंषी वाले ष्याम ......

हमने सुना है मोहन, तुमतो दयानिधि हो ।

आषा में लेके आया हूं, कृश्णा ,

आषा में लेके आया, मोहन तेरी गली में ।।

भोला भंडारी आया .....

मैया मुझे दिखा दे, लाला की एक झलकी ।

दर्शन मैं करके जाऊं, मैया ,

दर्शन में करके जाऊं, मैया तेरी गली में ।।

भोला भंडारी आया .....

मेरे वंषी वाले ष्याम .....

मुझको अगर मिली न भिक्षा तेरे दरश की ।

दिलको न चैन पाया है, मोहन ,

दिल को चैन पाया, मोहन तेरी गली में ।।

भोला भंडारी आया .....

मेरे वंषी वाले ष्याम ....

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।