मेहंदीपुर आले बाबा तेरी याद सतावे से

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

मेहंदीपुर आले बाबा तेरी याद सतावे से

कद घर आवे म्हारा बाला जी मने चिंता खावे से,

कब से राह निहार रही अब बाबा मेरा आवेगा

इस दुखियां ने आज बाबा दर्शन देके जावेगा

जय बाबा की जय बाबा की दिल मेरा गावे से

कद घर आवे म्हारा बाला जी मने चिंता खावे से,

इस दुखिया की धीर बंधा माँ अनजनी के लाला जी

महावीर बजरंग बलि भगतो के प्यारे बाला जी

भुत पिताश निकट न आवे जब नाम सुनावे से

कद घर आवे म्हारा बाला जी मने चिंता खावे से,

विकास चोधरी तेरे नाम का दीवाना से

उतम छोकर ने सुन भगवन जय बाबा की गाना से ,

पलवर आले बाला जी तेरे भगत बुलावे से

कद घर आवे म्हारा बाला जी मने चिंता खावे से,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।