सजत बाटे अवध नगरिया

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

सजत बाटे अवध नगरिया स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

स्वर्ग से सुंदर हां स्वर्ग से सुंदर

झूमी झूमी नाचे नर नरियां स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

सजत बाटे अवध नगरिया स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

मोदी योगी हिन्दू धर्म के खवैयाँ

बन्नत मंदिर अवध शुभ समैया

बाबा ब्रिज मोहन के उच्च भय पगड़ियाँ

स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

सजत बाटे अवध नगरिया स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

भगवा रंग से रांगतवा सारा हिन्दूस्तान हो

सनातन धर्म के बडत और शान हो

राम नाम गूंजे जय जय करियां

स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

सजत बाटे अवध नगरिया स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

देखा था हिन्द आज भगवा का जोर हो

जय श्री राम नाम होता सगरो और हो

रजनीश कहे जय जय भगवा धरियां

स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

सजत बाटे अवध नगरिया स्वर्ग से सुंदर जन्तवा हो

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।