दर्श कब दोगी श्री राधे

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

तुम बिन प्यासे नैना दर्श कब दोगी श्री राधे

बैठी तेरी आस लगाये,

तुम बिन अब तो जिया न जाए,

चित में परे न चैन दर्श कब दोगी श्री राधे

तुम बिन प्यासे नैना दर्श कब दोगी श्री राधे

थोड़ी सी इक झलक दिखा दो

इन नैनं की प्यास बुजा दो तरश रहे ये नैना

दर्श कब दोगी श्री राधे

तुम बिन प्यासे नैना दर्श कब दोगी श्री राधे

अब तो किरपा करो श्री राधे मेरी भी सुध लीजिये राधे,

आस लगी दिन रेन

दर्श कब दोगी श्री राधे

तुम बिन प्यासे नैना दर्श कब दोगी श्री राधे

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।