श्याम के जैसा कहाँ

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

श्याम के जैसा कहा कलयुग में दातारी

खाली गया जो खाटू श्याम ने झोली भरी

हर मुश्किल आसा कर दे करता है आशा पूरी,

जिसने भी जानके अपना बतलाई है मजबूरी ,

हारे का सहारा है मेरा तो श्यामधणी

खाली गया जो खाटू श्याम ने झोली भरी

ना मांगे धन और दौलत ना मांगे चांदी सोना ,

मेरा श्यामधणी बस मांगे तुम सचे बनकर रहना ,

कर देता ठाट सभी जो भी सोचा मन मे कभी

खाली गया जो खाटू श्याम ने झोली भरी

झूठे है सारे बंधन झूठी है दुनियादारी ,

मेरा श्याम करे ना धोखा मेरा श्याम निभाये यारी ,

तू श्याम से कर यारी इतना क्यो सोचे ,राही,

खाली गया जो खाटू श्याम ने झोली भरी

श्याम के जैसा कहा कलयुग में दातारी

ARUN CHAUHAN RAHI

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।