मांगना है तो फिर प्यार मांग लो

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

मांगना है तो फिर प्यार मांग लो

खुशियों का तुम उपहार मांग लो

मांगना है तो फिर प्यार मांग लो

घर परिवार में शान्ति हॉवे ये है सब से जरुरी

मन में किसी के मैल न हॉवे रिश्तो में ना हो दुरी

जीवन ज्यदा कुछ नही सुख दुःख का है खेल

दोलत सोहरत ये सभी हाथो का है मैल,

माँगना है तो संस्कार मांग लो

खुशियों का तुम उपहार मांग लो

मांगना है तो फिर प्यार मांग लो

तृष्णाओ का अंत नही है

दिन पर दिन बडती जाए

श्याम मिलन की राह से हमको हर पल दूर हटाए,

रिश्ता श्याम से जरा देखो जोड़ के

सब कुछ श्याम पे जरा देखो छोड़ के

माँगना है तो व्यवहार मांग लो

खुशियों का तुम उपहार मांग लो

मांगना है तो फिर प्यार मांग लो

कर्म करो कुछ ऐसा मोहित रोते लोगो को ह्सायो

हारे हुयो का साथी बन के श्याम का हाथ बटाओ

पुण्ये अच्छे कर्मो का बच्चो को मिले

उनकी जिन्दगी सदा फुले और फले,

मांगना है तो दीदार मांग लो

खुशियों का तुम उपहार मांग लो

मांगना है तो फिर प्यार मांग लो

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।