राखी भाई बहिन का त्यौहार है ये त्यौहार है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन विविध भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

राखी भाई बहिन का त्यौहार है ये त्यौहार है,

प्यार से गेरहा होता ये प्यार है होता ये प्यार है राखी भाई

बाँध के राखी कृष्ण कन्हाई,

आज खुश है बहुत नानी भाई

गम नही अगर मेरा नही कोई भाई

भाई मेरा है कृष्ण कन्हाई

इस को पा कर मेरा संसार है

राखी भाई बहिन का त्यौहार है ये त्यौहार है,

ध्यान रखता हमेशा हमारा हर कदम पे ये देता सहारा,

थोडा नटखट है ये प्यारा प्यारा भाई बन जीवन मेरा सहारा,

मेरा अनमोल सब से ये उपहार है,

राखी भाई बहिन का त्यौहार है ये त्यौहार है,

जब से भाई इसे मैंने माना मिल गया जैसे मुझको खजाना

सब से अच्छे से भाई को पाला मेरी खुशियों का है न ठिकाना

कुंदन हर पल मेरा अब तो गुलजार है,

राखी भाई बहिन का त्यौहार है ये त्यौहार है,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।