मेरे बाला मेरा गुजारा तेरे हाथ है

पारंपरिक
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

मेरे बाला मेरा गुजारा तेरे हाथ है

तू जब बोले मेरा दिन है तू जब बोले मेरी रात है,

मेरे बाला मेरा गुजारा तेरे हाथ है

लोगो रे केहता फिरता था मैं अपने दुःख की कहानी,

सब ने ठुकराया पर मेरे दिल की तूने जानी,

तूने मुझपे एसी करदी बाबा अपनी करामत है,

मेरे बाला मेरा गुजारा तेरे हाथ है

इनता कुछ दे डाला मुझको मैं कैसे करू शुकराना

कौन सा बाला जी मैं तुझको पेश करू नजराना

कोई गम न फिकर जब तक बाला जी मेरे साथ है

मेरे बाला मेरा गुजारा तेरे हाथ है

मुझको जैसे तारा तुमने सब भगतो को तारो,

देके दर्शन बचो को तुम उनके भाग्य सवारो,

तेरे दर के जैसे दुनिया में न और कही भी बात है ,

मेरे बाला मेरा गुजारा तेरे हाथ है

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।