भज ले साईं राम भज ले साईं राम

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन साईं भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

भज ले साईं राम भज ले साईं राम

साईं के चरणों में आकर हो जाए हे काम

भज ले साईं राम भज ले साईं राम

इक बात शिर्डी को जाना पायेगा अनमोल खजाना,

वही है तीर्थ धाम भजले साईं राम

भज ले साईं राम भज ले साईं राम

निशल मन से आ जा द्वारे भगतो की वेह बात निहारे,

हो न जाए श्याम भजले साईं राम

भज ले साईं राम भज ले साईं राम

लौटा हु जो दर से खाली ऐसा कोई नही सवाली

सब को लेता थाम भजले साईं राम

भज ले साईं राम भज ले साईं राम

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।