मेरे डमरू वाले बाबा तेरे द्ववार पे आया हु

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

मेरे डमरू वाले बाबा तेरे द्ववार पे आया हु

मेरे देवा महादेवा तेरे द्वार पे आया हु

तुझको नहलाने को गंगा जल लाया हु

मेरे डमरू वाले बाबा तेरे द्ववार पे आया हु

तेरे संग नाचुगा मैं तेरे संग गाऊगा,

सवान महीने में कावड उठाऊ गा

तुझे बेट चडाने को फल फूल भी लाया हु

मेरे डमरू वाले बाबा तेरे द्ववार पे आया हु

ऐसा क्या काम करू मैं तेरी भगती मिल जाए

तेरे चरणों में रह के ये जिन्दगी खिल जाए

तुझे तिलक लगाने को चन्दन भी लाया हु

मेरे डमरू वाले बाबा तेरे द्ववार पे आया हु

तेरे जैसा भोला भाला देव न दूजा है,

सब नर नारी बाबा करे तेरी पूजा है

मैं राजन मोर को अपने संग में आया हु

मेरे डमरू वाले बाबा तेरे द्ववार पे आया हु

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।