सब को देने वाले भोले तेरे घर क्यों खाली है

पारंपरिक
महादेव भजन कृष्ण भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

छोटी सी मरईया में ना लोटा है न थाली

अरे सब को देने वाले भोले तेरे घर क्यों खाली है

शिव शम्भु से बोली गोरा एसी क्यों बदहाली

अरे सब को देने वाले भोले तेरे घर क्यों खाली है

भुत वैताल संग में गांजा भांग पीते हो

ना जाने कैसा जीवन स्वामी नाथ जीते हो

हस्ते है सभी शोंक कैसी ये पाली है

बोलो सब को देने वाले भोले तेरे घर क्यों खाली है

भांग के नशे में चूर हर दम रहते हो मस्ती में

चिंता न फिकर कुछ भी चाहे आग लगे गस्थी में

सारे खुशहाल जग में दुखिया आप की घरवाली है

सब को देने वाले भोले तेरे घर क्यों खाली है

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।