नाचो रे आज नाचो कौन रोक रहा है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

नाचो रे आज नाचो कौन रोक रहा है,

मस्त समा है रे आज मस्त समा है,

नाचो रे आज नाचो कौन रोक रहा है,

सज धज के बैठे है सरकार मेरे,

ये चाँद हम सब है इनके सितारे,

मतवाली रात है बाबा भी साथ है,

महफ़िल के साहिब का रंग चढ़ा है,

मस्त समा है रे आज मस्त समा है,

कहता हु सब ने नचना पड़े गा,

बैठे है उनको उठना पड़ेगा,

छोड़ो कैसी लाज है मौका मिला आज है,

कल होगा क्या किसको पता है,

मस्त समा है रे आज मस्त समा है,

दरबार में इस के नच कर तो देखो,

दिल की बात बाबा से कह कर तो देखो,

सुनता सब की बात है देता हाथो हाथ है,

राजी मेहर ने ये सच ही कहा है,

मस्त समा है रे आज मस्त समा है,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।