देखा करो ना सांवरे हमको यूँ प्यार से

अलका गोएल
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

देखा करो ना सांवरे हमको यूँ प्यार से

हम तो हुए हैं बावरे नज़रों की मार से

खंजर बनी है सांवरे बांकी अदा तेरी

जी भर के देखा तो बता कैसी खता मेरी

घायल सा कर दिया मुझे इसके तो वार से

देखा करो ना सांवरे...

चित्तवन तुम्हारी क्या कहें, मस्ती बरस रही

पाने की इक झलक तेरी दुनिया तरस रही

देखा तो पल में हो गए हम बेकरार से

देखा करो ना सांवरे...

घुंघराले केस यूँ लगे यूँ तितलियाँ उड़ें

मुस्काये जब तू सांवरा, तो बिजलियाँ गिरें

रौशन हमारे दिल हुए तेरे दीदार से

देखा करो ना सांवरे...

दिल में हमारे प्यार का सैलाब फट पड़े

नज़रों की मार से तेरी बेताब हैं बड़े

जब जब तू देखा दासी को, खोया प्यार से

देखा करो ना सांवरे...

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।