चल मन बरसाने चल रहिये

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

चल मन बरसाने चल रहिये

पीली पोखर प्रेम सरोवर राधा कुंड में नहाइये,

चल मन बरसाने चल रहिये

गेह बरवन और खोर सांकरी,

श्री राधा दर्शन पाहिये,

चल मन बरसाने चल रहिये

नृत्य प्रति बृषभानु के,

हर्ष हर्ष गुण गाहिये,

चल मन बरसाने चल रहिये

श्री हरिदास वास बरसानो,

बड़े भगय से लहिये,

चल मन बरसाने चल रहिये

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।