जीवन नैया तेरे हवाले

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

जीवन नैया तेरे हवाले,

श्याम प्रभु तू पार लगा दे,

जीवन नैया तेरे हवाले,

दूर तलक तक अब कोई रहबर न साथी मेरे सँवारे,

सूजे न रस्ता मुझको हाथ बड़ा के मुझे थाम ले,

तुम हो मेरे अपने लोग पराये ,

जीवन नैया तेरे हवाले,

ना मांगू धन दौलत मैं ना मांगू शोरत के सितारे ,

जीवन सफल हो मेरा थोड़ी जगह जो पाउ द्वारे,

साथ निभाना सदा श्याम हमारे ,

जीवन नैया तेरे हवाले

तुम से करू मैं विनती तुम से करू ये अरदास है,

ठुकराना देना कभी भूल करे जो कभी दास है,

कटी री उमरिया तेरे सहारे,

जीवन नैया तेरे हवाले

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।