सांवरा श्याम सांवरा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

सांवरा श्याम सांवरा

सारा जहां तेरा वंवारा

करने दर्शन को कई धाम मैं गया,

मंदिर न्यारा बस पाया सांवरिया तेरा,

अपने कदम जब भी फिसले तू ने थामी कल्हाई,

जीवन में सुख जब जब उठे बिगड़ी तूने बनाई,

याहा धयाया तुझे वाही पाया तुझे ,

दिल ये तो अब दीवाना हुआ,

सांवरिया तेरा,

दुःख जो हरे मनमे खुशिया भरे मेरे बाबा का ना कोई सानी,

कैसा भी गम चाहे कैसी परशानी आगे इनके हार मानी ,

आता रोता हुआ जाता हस्ता हुआ नाम जपता रहे वो सदा ,

सांवरिया तेरा,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।