अरे भोले हम तो बैठे तेरी आस में

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

अरे भोले हम तो बैठे तेरी आस में,

जाने तुझको, हायरे जाने तुझको खबर कब होगी,

अरे एक हांथ में डमरू बाजे, दूजा चिमटा साझे,

एक हांथ में डमरू बाजे, दूजा चिमटा साझे,

और माथे पर है चंदा चमके,

माथे पर है चंदा चमके, बम बम भोला नाचे,

बम बम भोले हम तो,

अरे बांझन आई निर्धन आई, कन्या आई द्वारे,

बांझन आई निर्धन आई, कन्या आई द्वारे,

और इनकी झोली खाली बाबा,

इनकी झोली खाली बाबा, तुम हो भरने वाले ,

बम बम भोलेहम तो।।

अरे रामनाम को रटने वाले, ओ भोले भंडारी,

अरे रामनाम को रटने वाले, ओ भोले भंडारी,

और मैं भी शरण में आई तेरे,

मैं भी शरण में आई तेरे, रक्षा करो हमारी,

बम बम भोले हम तो

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।