रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

सर्व मोहन (टीनू सिंह)
महादेव भजन कृष्ण भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

राधा नाम मिटावे जीवन की हर वाधा,

रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

शुभ सनकादि शेष और शारद,

राधा नाम रटे शिव नानक

तिहु लोक लहराए राधा नाम की पता का,

रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

राधा नाम सर्व सुख दाई

महिमा वेद पुराणां गाई,

संत भक्त ऋषि मुनियो ने नाम यही साँझा,

रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

राधा नाम मिश्री सु मीठा,

पुनि पुनि गावत आवत झूठा,

राधा नाम की महिमा ब्रिज धाम में अगाधा

रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

राधा नाम में अध्भुध मस्ती,

राधा नाम से मिले हरी भक्ति,

राधा नाम मधुप हरी प्रेम को दाता,

रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

बृषभानु कुवरी जब देखु तब जन्म सफल कर लेखु,

मैं राधा राधा गाऊ और राधा हित ही वेणु भजाउ,

मैं राधा रमन कहाऊ क्यों दूजो नाम धराऊ,

जय राधा चर्चा कीजिए वह प्रथम जान मोहे लीजिए ,

जय राधा राधा गावे तेह सुन ने को हम आवे,

श्री राधा राधा राधा राधा राधा

जन राधा राधा राधा गावे तन सुन ने को आवे,

श्री राधा तेरी शोभा श्री राधा को चित लोबा,

मैं राधा संग ही निको और राधा बिन मैं फीको.

राधा राधा राधा राधा राधा,

रटो राधा राधा जपो राधा राधा राधा

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।