मान जा म्हारा बाप

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

औरों पर करम बच्चों पर सितम

रे बाबा ये जुल्म ना कर

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण सरकार

हाथ जोड़ ल्यूं पगा में पड़ ल्यूं

मान जा म्हारा बाप

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण मेरा यार

मान जा म्हारा बाप

चलो जी मैं बुरा सही चलो जी मैं झूठा

अगर थारी दातारी स्यूं म्हें कैंया छुट्या

कसम से कहदो म्हारी सूरत

कसम से कहदो म्हारी सूरत

कोनी प्यारी क्या

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण मेरा यार

मान जा म्हारा बाप

मान जा म्हारा बाप यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण सरकार

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण मेरा यार

समझ सको गर म्हाने थारो सेवक मानो

अठे नहीं बैठे नहीं

थे म्हारी कुटिया चालो

बाटी चुरमों खीर खिला स्यूं

बाटी चुरमों खीर खिला स्यूं

सेवा करूँ दिन रात

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण सरकार

हाथ जोड़ ल्यूं पगा में पड़ ल्यूं

मान ज्या म्हारा बाप

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण मेरा यार

मान जा म्हारा बाप

मान जा म्हारा बाप

श्याम बड़ो तू है रंगीलो

सारो जग यो जाणे

कान खोल के सुण ल्यो बाबा

मेरो दिल ना माने

विनती म्हारी सुण ल्यो बाबा

विनती म्हारी सुण ल्यो बाबा

अरज करे इमरान

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण सरकार

हाथ जोड़ ल्यूं पगा में पड़ ल्यूं

मान जा म्हारा बाप

यो बाबो कित्तो स्याणों सबको यो काम बणा रयो

म्हारी क्यूँ ना सुण मेरा यार

मान जा म्हारा बाप

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।