मेरे घर के आगे साईनाथ

पारंपरिक
अन्य आरती साईं भजन aarti
॥ पावन पाठ ॥

मेरे घर के आगे साईनाथ तेरा मन्दिर बन जाए

जब खिड़की खोलूँ तो तेरा दर्शन हो जाए

जब आरती हो तेरी मुझे घंटी सुनाई दे

मुझे रोज़ सवेरे साईनाथ तेरी सूरत दिखाई दे

जब भजन करे मिलकर रास कानों में घुलजाये

जब खिड़की खोलूँ तो...

आते जाते बाबा तुमको मै प्रणाम करूँ

जो मेरे लायक हो कुछ ऐसा काम करूँ

तेरी सेवा करने से मेरी किस्मत खुल जाए

जब खिड़की खोलूँ तो...

नज़दीक रहेंगे तो आना जाना होगा

हम भक्तो का बाबा मिलना जुलना होगा

सब साथ रहे बाबा, जल्दी वो दिन आये

जब खिड़की खोलूँ तो...

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।