भाव के जारोके में से राम जी का करले दर्शन

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

भाव के जारोके में से राम जी का करले दर्शन ,

वरना बंद रहेगा जीवन कामना ओ कारी नर्तन,

माया का खिलौना न बन गाये जा रे मन राम राम राम राम राम,

भाव के जारोके में से राम जी का करले दर्शन

प्यार भरे आंसुओं से कर तू सही आंखे निर्मल,

छोड़ कर सहारे सारे राम नाम तू ही करले कोई सम्बल,

साफ़ कर हिरदये का दर्पण उनके सामने हो अर्पण,

गाये जा रे मन राम राम राम राम राम,

भाव के जारोके में से राम जी का करले दर्शन

वक़्त न गवाना करले प्रेम से तू झांकी सिया राम की ,

उनके श्री चरनन में मंजिल सीख बस यही है तेरे काम की,

बाकी साथ के है बंधन जिस में बंध रहे जन जन,

गाये जा रे मन राम राम राम राम राम,

भाव के जारोके में से राम जी का करले दर्शन

रास्ता सचाई का तो सदा ही दिखाई देता मुश्किल,

लेके विश्वाश मन में चला जो उसी ने पाई मंजील,

राम नाम सच्चा है धन धन्य करले अपना जीवन,

गाये जा रे मन राम राम राम राम राम,

भाव के जारोके में से राम जी का करले दर्शन

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।