ते राधा थानेदार बन गई

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

जदो चोरी दिन हदा तप गइयाँ,

सब गोपियाँ सपाही बन गइयाँ,

ते राधा थानेदार बन गई,

चक लइया लाठिया ते ला लाये नाके ने,

घुट घुट छोरा दे पाए पटाके ने,

छोरा चोरियां काबुल कर लइयाँ,

ते राधा थानेदार बन गई,

चड़ेया कुटापा जदो थाने थानेदार दा,

दस दिता छोरा ने पता सरदार दा ,

घर घर घेरा बन्दियाँ हो गइयाँ,

ते राधा थानेदार बन गई,

पा लिया गेरा राधा चोरा दे चोर नु,

फड़ लिया कुंजा विचो नवल किशोर नु,

राधा रानी दियां धूमा पै गैया

ते राधा थाने दार बन गई,

बाल उम्र ते जुलम पहला पहला सी,

मधुप वकील किती बहस बड़ी आला सी,

माफ़ सरियां सजवा हो गइयाँ,

ते राधा थानेदार बन गई,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।