लिखा है खत में तुझे अपने दिल की बात

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

लिखा है खत में तुझे अपने दिल की बात ,

हे श्याम संभालो आकर है लाज तुम्हारे हाथ,

लिखा है खत में तुझे अपने दिल की बात ,

शरणागत की बात तुझे निभानी आती है,

इसी भरोसे मैंने लिख दी प्रेम भरी ये पाती है,

इस चिठ्ठी में पढ़ लेना मेरे दिल के ये जज्बात,

लिखा है खत में तुझे अपने दिल की बात ,

सारे जग की आस छोड़ कर जिसने तुझे बुलाया है,

आकर काज सँवारे तूने उसका मान बढ़ाया है ,

नरसी ने चिठ्ठी भेजी आये थे भरने भात,

लिखा है खत में तुझे अपने दिल की बात ,

नरसी जैसे भाव नहीं है फिर भी है विस्वाश तेरा,

जीवन के हर मोड़ में मुझको होता है अब्बास तेरा ,

तेरी बात निहारे बीनू ले अशुवां की सौगात,

लिखा है खत में तुझे अपने दिल की बात ,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।