श्याम बड़े ग्यानी बाबा श्याम बड़े दानी,

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

चमत्कार है करता कलयुग में शक्ति शाली श्याम,

चमत्कार को नमस्कार करने चल खाटू धाम,

श्याम बड़े ग्यानी बाबा श्याम बड़े दानी,

श्याम के दर जो जाए मुरादे मन की पाए,

बंद किस्मत का ताला खोलता खाटू वाला,

श्याम बड़े ग्यानी बाबा श्याम बड़े दानी,

फागुन की ग्यारस घर पे चलने का बड़ा महूरत,.

साधु संतन भक्त चले करने ये पावन तीर्थ ,

ध्वजा लिए भक्त चल दिए,

कृष्ण कन्हियाँ वेश बदल कर खाटू धाम विरजा,

बना तिरलोकी नाथ श्याम जी पावन धरा का राजा,

श्याम बड़े ग्यानी बाबा श्याम बड़े दानी,

श्याम की शक्ति ऐसी गा कर में भी भरे समंदर,

श्याम की सेवा करने देवता छोड़ के चल दी अम्बर,

दीना नाथ है सच्ची बात है,

देवी देवता सेवा करने बन के चले पुजारी,

सूरज चन्दर्मा करे आरती श्याम शक्तिशाली,

श्याम बड़े ग्यानी बाबा श्याम बड़े दानी,

दुःख हरे दलिन्दर हारे है दानी बड़ा पुराना,

संतो का हितकारी मोहन मुरली बाला कान्हा,

नाम राटिये ध्यान धरिये सुने टेर न करे देर वो मोहन कृष्ण कन्हाई,

कहे भक्त श्री श्याम सदा भगतो की लाज बचाई,

श्याम बड़े ग्यानी बाबा श्याम बड़े दानी,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।