ऐसे महाबली बलि बजरंग को प्रणाम

लखबीर सिंह लक्खा
हनुमान जी भजन हनुमान भजन hanuman
॥ पावन पाठ ॥

लाल मुख विशाल लाल, लोचन है लाल लाल ।

लाल लाल मस्तक पे तिलक लाल लाल है,

हाथ में हैं सोटा और कमर में लंगोटा लाल ।

लालो में लाल मेरा अंजनी को लाल है॥

सिंदूरी बदन जिनका जो जपते है राम नाम,

ऐसे महाबली बली बली बजरंग को प्रणाम॥

बल बुद्धि के हैं दाता जो भक्तों में है महान।

ऐसे महाबली...

बली बजरंग को प्रणाम बली बजरंग को प्रणाम

बली बजरंग बली बजरंग बली बजरंग को प्रणाम॥

ऐसे महाबली...

पूछ लम्बी इनकी, अंग बलकारी है ।

लाल माँ अंजनी के, बाल ब्रम्हचारी है ॥

श्री राम के चरणों में जिनका मन है सुबह शाम ।

ऐसे महाबली...

संकट मोचन जो, संकट हरते हैं ।

महाबल के बल से, भूत प्रेत डरते हैं ॥

वो कर दिखाया कोई भी जो कर सका न काम ।

ऐसे महाबली...

मित्र जो अर्जुन के, और रघुनंदन के ।

लाये जब संजीवन, प्राण बचे लछमण के ॥

‘लक्खा’ जमाना ले रहा श्रद्धा से जिनका नाम ।

ऐसे महाबली...

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।