हारे का सहारा तू यूं ही ना कहाया है

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

हारे का सहारा तू,यूं ही ना कहाया है,

हर मुसीबत में तूने ही,मेरा साथ निभाया है,

जब पकडा मैने बिस्तर आके तुने संभाला है,

जब नींद ना आई मुझे लोरी गा के सुलाया है ,

घबराहट में भी बाबा तुने मुझे हसाया है,

मेरी इस बीमारी को कोई समझ ना पाया है,

जब जाँच की पर्ची में कुछ भी ना आया है ,

ये देख के डॉक्टर का सर भी चकराया है ,

इसीलिए बाबा मेरा बडा वैद्य कहाया है ,

जब मन लगा घबराने तुने समझाया है ,

हर औषध में बाबा तु ही नजर आया है ,

नवयुवक ने जीवन में हर क्षण तुझको गाया है ,

Singer and writer : Prashant chawda 8269337454

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।