बाबा मेरा भी घर होवे वहां तेरे नज़र होवे

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बाबा मेरा भी घर होवे वहां तेरे नज़र होवे

मेरे दरवाज़े पे लिखेया सदा जय श्री श्याम होवे

भजन कीर्तन तेरा बाबा मैं अपने घर कराऊंगा

तेरा दरबार ओ बाबा मैं अपने घर सजाऊंगा

बुलाऊँ श्याम प्रेमी को कोई ऐसी जगह होवे

जन्मदिन का आपका आये तो सारा घर सजाऊंगा

फागण के प्यारे मेले में के रंग गुलाल उड़ाऊंगा

बजाऊं चंग खुशिओं के मेरे घर में समा होवे

सफल जीवन मेरा होवे दरश जो श्याम का होवे

हाँ सच्चे श्याम प्रेमी की दुआ खारिज नहीं होवे

सुखों की हो जाए वर्षा के दुःख मेरे हर दिन ख़तम होवे

बाबा मेरा भी घर होवे ..............

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।