राम राजा की जय महाराजा

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

जय श्री राम जय श्री राम जय श्री राम,

राम राजा की जय महाराजा की जय भगतो घर घर दिवाली मनाओ,

मन में खुशियों के दीप जलाओ,

चौदह वर्ष के बाद है आये मेरे प्रभु राम राजा,

वो ही हमारे राजा थे राजा हम सब है उनकी प्रजा,

भक्ति दीपक जलाओ मन को रोशन बनाओ,

भक्तो घर आँगन अपना सजाओ,

मन में खुशियों के दीप जलाओ,

दैहिक देविक बोहतिक ताप से सब को मुक्ति मिले गी,

तब हमारे राजा बने गे खुशियों की भगिया खिलेगी,

सिया राम जी हमारे सब की किस्मत सँवारे,

प्रभु नाम जपो बिगड़ी बनाओ,

मन में खुशियों के दीप जलाओ,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।