मनवा राधे कृष्ण कहता

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

राधे कृष्णा राधे कृष्णा श्री राधे कृष्णा ,

श्याम प्यारे बिना दिल नहीं लगता ,

मनवा राधे कृष्णा राधे कृष्ण कहता,

तेरी यादो में दिल रोता है तड़पता ,

मनवा राधे कृष्ण राधे कृष्ण कहता ,

नींद मुझे आती नहीं चैन भी न आता है,

श्याम के बिना मुझको कुछ भी न भाता है,

तेरे भजनो में मैं खोया खोया रहता,

मनवा राधे कृष्ण राधे कृष्ण कहता,

विष का ये प्याला हसकर पीना ,

तेरे बिना जीना श्याम अब कैसा जीना ,

पिया जिसने भी भव से वो तरता ,

मनवा राधे कृष्ण राधे कृष्ण कहता ,

तू जो मिल जायेगा तो सीने से लगा लूंगा,

पकडे जो हाथ मेरा जग ये भुला दूंगा ,

रोम रोम श्याम सागर का ये कहता ,

मनवा राधे कृष्ण राधे कृष्ण कहता,

Lyric: Shashanks Sagar

Singer: Shashank Sagar

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।