मेरे राम की जय जय कार है

पारंपरिक
श्री राम भजन राम भजन ram
॥ पावन पाठ ॥

हिन्दुस्तान में राम प्रभु की सब से बड़ी सरकार है,

पूरब पश्चिम उतर दक्षिण गूंजे यही जैकार है,

मेरे राम की जय जय कार है,

गांव गांव और शहर शहर गूंजे इक ही नारा है,

हम बंदे है भारत माँ के हिंदुस्तान हमारा है,

स्वर्ग से बढ़ कर मेरे लिए तो राम का ही दरबार है,

मेरे राम की जय जय कार है,

श्री राम के दीवाने हम हम भगवा लहराए गे,

याहा राम ने जन्म लिया है मंदिर वही बनायेगे,

अलख जगाये राम नाम की सब की यही ललकार है ,

मेरे राम की जय जय कार है,

इस दुनिया में राम से बढ़ कर और न कोई दूजा है,

बड़े बड़े नामी और ग्यानी करते राम की पूजा है,

अभिषेक भगवा ोड के तन पे करता यही पुकार है,

मेरे राम की जय जय कार है,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।