सच बता दे बिहारी जी से प्यार कितना

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

सच बता दे बिहारी जी से प्यार कितना,

या जीवन में बिहारी जी से प्यार कितना,

कभी आता रहा कभी जाता रहा,

यही चौरासी के चक्र तू खाता रहा,

किया जीवन में बिहारी जी से प्यार कितना,

सच बता दे बिहारी जी से प्यार कितना,

मोह लालच में तेरी जवानी गई,

तेरा बचपन गया और जवानी गई,

किया दान और पुण्य बता दे कितना,

सच बता दे बिहारी जी से प्यार कितना,

तेरे जीवन में घाटा घाटा रहा,

मुझ सिर पर गुनाहो का छाता रहा,

बिन्नू नगद कमाया उधार कितना ,

सच बता दे बिहारी जी से प्यार कितना,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।