खाटू वाले से यारी

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

श्याम से ही पहचान हमारी

हारे का साथी वो तो लखदातारी

खाटू वाले से मेरी हो गयी है यारी...

ग्यारस पर बाबा से मिलने खाटू जाता हूं

श्याम का दर्शन पाता हूं-मैं उनको भजन सुनाता हूं

श्याम की यारी-जग से है प्यारी......

सजधज कर खाटू में बैठो कितना मुस्कावे

कहीं तुम्हें नजर ना लग जावे-कहीं तुम्हें नजर ना लग जावे

लीले की वो तो-करता सवारी.....

कहे प्रिंस कि श्याम भजन-जन्नत का द्वारा है

श्याम का तोरण द्वारा है-के खाटू स्वर्ग सा प्यारा है

तीन बाण की महिमा है न्यारी-बाबा ने लाखों की किस्मत सँवारी...

भजन गायक व लेखक

प्रिंस जैन (दिल्ली) 7840820050 ; 7011046527

शुभम रिठालिया (दिल्ली) 8750104889

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।