गजानन पूरे कर दो काज

पारंपरिक
श्री गणेश भजन गणेश भजन ganesh
॥ पावन पाठ ॥

गजानन पूरे कर दो काज

शरण में आये हम भी आज

शिव गौरा के राज दुलारे

देवों के सरताज

सबसे पहले शिव भोले ने करि तुम्हारी पूजा

हम भी पहले तुम्हे मनाएं काम करें फाई दूजा

लड्डुओं का तुम्हे भोग लगाएं आजाओ महाराज

गजानन पूरे कर दो काज.........

मूसे की तुम करो सवारी शोभा जग में न्यारी

एक दन्त गज बदन तुम्हारा जाऊं मैं बलिहारी

तीन लोक में राज तुम्हारा धरती या आकाश

गजानन पूरे कर दो काज.........

सात सुरों से आज सजाई हमने तेरी माला

हमको चरणों में रख लेना सुनलो गौरी लाला

तेरी किरपा से राणा की गूंजे ये आवाज़

गजानन पूरे कर दो काज.......

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।