तेरे दीवाने आये है

पारंपरिक
माता दुर्गा भजन दुर्गा भजन durga
॥ पावन पाठ ॥

माँ आज तू रखना लाज तेरे दीवाने आये है,

मस्ती में तेरी झूम के ये दीवाने आये है,

माँ आज तू रखना लाज तेरे दीवाने आये है,

तू है ममता का सागर,जो मांगे वो मिलता है तेरे दर,

तुज्को मनाने आज तेरे परवाने आये है,

माँ आज तू रखना लाज तेरे दीवाने आये है

तेरे द्वारे जो भी आये वो खाली कभी न जाए,

अपने दुखो को अज तुझे बतलाने आये है

माँ आज तू रखना लाज तेरे दीवाने आये है

तू सब के बिगड़ी बनाये,जो मैया तेरे दर आये,

सब की सुने तू और हम भी सुनाने आये है,

माँ आज तू रखना लाज तेरे दीवाने आये है

हे जग जन नी महारानी,जरा सुन लो अर्ज हमारी,

तुम्हरे चरण में सिर अपना झुकाने आये है,

माँ आज तू रखना लाज तेरे दीवाने आये है

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।