चौबीस घंटे पी पी के रहे नशे में टुन

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

चौबीस घंटे पी पी के रहे नशे में टुन,

मने भांग घोट के पीला गोरा मैं होजा पावर फुल,

जम के गोरा ला दे घोटा भंग पी के मैं होजा मोटा,

साँच काहू मैं गोरा रानी झूठ कहु न बिलकुल,

मने भांग घोट के पीला गोरा मैं होजा पावर फुल,

भांग छोड़ भोले भंडारी नशा बुरा कहे दुनिया सारी,

भांग पीन से कोई बना न पावरफुल.

चौबीस घंटे पी पी के रहे नशे में टुन,

भ्नगिया के गुण सुन ले प्यारी,

करदे दूर थकान ये सारी,

पी के गोरा तबियत से होजा बूटीफुल.

मने भांग घोट के पीला गोरा मैं होजा पावर फुल,

भोले मत न रॉब जमाइये भीम सेन से भांग घुटाइये,

और चीज न खावे रात भांग के घोटे कुल

चौबीस घंटे पी पी के रहे नशे में टुन,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।