सारे जग में तेरे नाम का डंका भज गया से

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

सारे जग में तेरे नाम का डंका भज गया से,

माँ पारवती के संग में बाबा भोला सज गया से,

सझ धज कर के भोला बाबा रास में चलेया से,

ठुमक ठुमक के मस्ती में मेरा बाबा नाचेया से,

भोले नाथ का डमरू डम डम भज गया से,

माँ पारवती के संग में बाबा भोला सज गया से,

नाच देख कर भोले नाथ का सांवरियां मुस्काया,

पार्वती के संग मिल कर गुंघटीयां उठाया,

घूँघट में सांप सर सर निकलया से,

माँ पारवती के संग में बाबा भोला सज गया से,

भोले नाथ की लीला देख के ब्रिज मंगल हरषाया,

सांवरिया संग भोले नाथ का दर्शन सब ने पाया,

साहिल तेरी महिमा सारे जग में गा रहा से,

माँ पारवती के संग में बाबा भोला सज गया से,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।