बम बम बोल रहे है कावड़िया

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

राम का मंदिर बन दो शिव जी आके अवध नगरियां,

बम बम बोल रहे है कावड़िया,

जितने भी है राम विरोधी खो दो सब की गगिरयां,

बम बम बोल रहे है कावड़िया,

आँख तीसरी अब खोल दो भोला,

फुक दो जाके दुश्मन का टोला,

खून की धारा बहा दो शिव जी आके अवध नगरियां,

बम बम बोल रहे है कावड़िया,

महाकाल अब धरती पर आओ,

राम विरोधी कुत्तो को भगाओ,

संतो सिया दो वरुण बाहर की कब से चढ़ी नजरियां

बम बम बोल रहे है कावड़िया,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।