नमो ॐ नमो शिवाये है ये मुक्ती का उपाये

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

नमो ॐ नमो शिवाये है ये मुक्ती का उपाये,

जपले हे प्राणी शिव का मन्त्र ये हर हर महादेव बोल बम बम.

शिव नाम जपते ही मिट ते है गम नंदी का असवारी भोला कैलाशियाँ,

मरघट है राजा कण कण वासियां,

नमो ॐ नमो शिवाये है ये मुक्ती का उपाये,

शिव जी की साधना अराधाना प्यारे करते है श्रिस्ति की जीब प्राणी सारे,

ईश्वर सत्य सत्य ही शिव ही सुंदरम,

ॐ कार में दुनिया सारी शिव ही सरगम,

नमो ॐ नमो शिवाये है ये मुक्ती का उपाये,

शिव लेके मन्त्र में अद्भुत शक्ति,

जो जपता ये मंत्र मिलती संकट से मुक्ती,

तन को शुदी मन को शक्ति देता मंत्र ही,

ऐसा मंत्र इसकी महिमा वेदो ने कही,

नमो ॐ नमो शिवाये है ये मुक्ती का उपाये,

ऋषियों ने धुनि रमाई असुरो ने धया,

इसी मंत्र के जाप से मन चाहा पाया,

भेद भाव न करता भोला है ऐसा दानी,

कुंदन भोला भाला है ये औहघरदानी,

नमो ॐ नमो शिवाये है ये मुक्ती का उपाये,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।