इक छोटी सी कन्या पार्वती

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

इक छोटी सी कन्या पार्वती शिव शंकर की पूजा करती थी,

अपने बाबा की बगइयाँ में जाती थी,

डलियाँ भर फूल ले आती थी,

उस फूल की माला बना कर के शिव को पहनाया करती थी,

वो गंगा तट पे जाती थी गंगा जल भर के ले आती थी,

गंगा जल ला कर के अपने भोले को चढ़ाया करती थी,

वो गौशाला में जाती थी गइयाँ का दूध ले आती थी,

गइयाँ का दूध ला के आशनां कराया करती थी,

खुश हो कर के शिव वरदान दिये भक्ति का भाव पहचान लिए,

कुलदीप देविंदर के संग में शिव का गुण गाया करती थी,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।