तुम पर जाओ बलिहार सदा शिव तुम पर जाउ बलिहार

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

तुम पर जाओ बलिहार सदा शिव तुम पर जाउ बलिहार,

हे मेरा जोगी हे मेरा जोगी,

तुम पर जाओ बलिहार सदा शिव तुम पर जाउ बलिहार,

भुवन खवाये रही जे भूखा आक धतूरा चबाये,

तुम पर जाओ बलिहार सदा शिव तुम पर जाउ बलिहार,

जग उपकारी फिरे हे भिखारी अंग धरे भग शाल,

तुम पर जाओ बलिहार सदा शिव तुम पर जाउ बलिहार,

बांटे भभूत में चारो पदार्थ भरे ही सकल भण्डार,

तुम पर जाओ बलिहार सदा शिव तुम पर जाउ बलिहार,

भरी भरी डालू नैन जल कावड़ निचे मूर्तियां तुम्हार ,

तुम पर जाओ बलिहार सदा शिव तुम पर जाउ बलिहार,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।