हर हर बम बम गायेंगे है

पारंपरिक
महादेव भजन शिव भजन shiv
॥ पावन पाठ ॥

बाबा अमरनाथ जागो कुछ करो न आस लगाये है,

बम के धमाकों में भी दीवाने हर हर बम बम गायेंगे है,

आतंकी आतंक कर रहे क्यों न कुछ तुम बोल रहे,

भोले कब तक भोले रहोगे क्यों त्रि नेत्र न खोल रहे,

डमरू की डम डम में मस्त है कोई संख भजाये है,

बम के धमाकों में भी दीवाने हर हर बम बम गाये है,

लाखो भक्त चले है घर से आप के दर्शन पाने को,

चाहे जान चली जाये है फ़िक्र नहीं दीवानो को,

प्रेम केसर है और संदीप ने फिर से शब्द सजाये है,

बम के धमाकों में भी दीवाने हर हर बम बम गाये है,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।