बाबा तेरे भगतो का तू ही है बस इक सहारा

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन खाटू श्याम भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

बाबा तेरे भगतो का तू ही है बस इक सहारा

तेरे ही भरोसे पे है जुड़ा परिवार हमारा,

तू है आस्मां तू ही अपनी ज़मीन,

तूने थामी ज़िंदगी तो न कुछ भी कमी,

शुक्र क्या करू मैं तेरा,

बाबा तेरे भगतो का तू ही है बस इक सहारा

दिल मेरा देता ये गवाह सँवारे,

खुशियों की तू ही है वजा सँवारे,

शुक्र क्या करू मैं तेरा ,

तेरी ही वदोलत है बुलंदियों पे आज सितारा,

तेरे ही भरोसे पे है जुड़ा परिवार हमारा,

लव्जो पे जब से तेरा नाम है रोंके ही रोंके सुबह शाम है,

शुक्र क्या करू मैं तेरा,

रंग तेरा ऐसा चढ़ा चढ़े न कोई रंग दोबारा,

तेरे इस रंग में ही है रंग गया गोलू सारा,

तेरी किरपा से ही चले है गिनी का गुजारा,

बाबा तेरे भगतो का तू ही है बस इक सहारा

तेरे ही भरोसे पे है जुड़ा परिवार हमारा,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।