नैनो में तेरे क्या जादू

पारंपरिक
श्री कृष्ण भजन कृष्ण भजन krishna
॥ पावन पाठ ॥

नैनो में तेरे क्या जादू सँवारे देखु जब मैं बलिहारी जाऊ रे,

जादू भरी मुस्कान तुम्हारी है इस पे तो दुनिया वारी वारी है,

हम दीवाने हो गये है श्याम के हम तो बस इतना जाने है,

तू है मेरा संवारा मन है तेरा वनवरा तेरे चरणों में ही अब गुजारा मेरा,

सूखे पतो की तरह थी मेरी ही ज़िंदगी,

तुम जो मिले है ऐसा लगा जीवन की बगियाँ खिली,

मुझ पे ये एहसान तुम्हरा है तू ही मेरी मंजिल तू ही किनारा है,

मेरी हर सास पे नाम तुम्हारा है तेरे सिवा कौन हमारा है बता,

हम दीवाने हो गये है श्याम के हम तो बस इतना जाने है,

कजरारे नैना तेरे देख के हम तो खो गये,

याद नहीं कुछ अब हमे हम तो तुम्हारे हो गये,

अँखियो में अब तो आस तुम्हारी है,

मेरी हर दड़कन सास तुम्हारी है,

प्रेम की भाषा तुम्हने सिखाई है तुम ही जीवा धन हो मेरे,

हम दीवाने हो गये है श्याम के हम तो बस इतना जाने है,

इस पावन रचना का पाठ कब और कैसे करना चाहिए? ▾
प्रातःकाल स्नान करके अथवा संध्याकाल में शांत चित्त होकर स्वच्छ आसन पर बैठकर पाठ करना परम फलदायी माना जाता है।
नित्य पाठ करने से क्या आध्यात्मिक लाभ होता है? ▾
नित्य भक्तिभाव से स्मरण व पाठ करने से मन में शांति, एकाग्रता और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।